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Nirav modi ka jivan ka baara ma

Nirav modi ka jivan ka baara ma

48 वर्षीयनीरव मोदीहीरा कारोबारियों के परिवार से है. वह एंटवर्प में पला-बढ़ा जिसे दुनिया की हीरा राजधानी कहा जाता है. वह फाइनेंस की पढ़ाई करने व्हार्टन गया था, लेकिन 19 साल की उम्र में भारत लौअ आया और अपने चाचा से हीरा कारोबार की बारीकियां सीखीं. 1999 में उसने फायरस्टोन कंपनी की शुरुआत की. बाद में कंपनी का नाम बदलकर फायरस्टार किया गया. फिलहाल इस कंपनी का कुल रेवेन्यू 2.3 अरब डॉलर है. 2010 में उसने नीरव मोदी ब्रांड की शुरुआत की. इस ब्रांड के दिल्ली, मुंबई, न्यूयॉर्क, लंदन सहित प्रमुख शहरों में 16 स्टोर हैं.

  • बिज़नेस का अलग अंदाजअंतरराष्ट्रीय हीरा कारोबार में कदम रखते ही नीरवने फैशन की दुनिया में हलचल मचा दी. उसके विज्ञापनजर्मनी के मशहूर फोटोग्राफर पीटर लिंडबर्ग जैसी शख्सियतों द्वारा तैयार किए जाते थे. उसने भारतीय हस्तशिल्प के साथ यूरोपियन शैली का मेल कर डायमंड बिज़नेस का तरीका बदल दिया. व्यवसाय चलाने के लिए उसने नए तरीके अपनाए, जैसे उसके स्टोर शनिवार और रविवार को भी खुले रहते हैं. जबकि ज्वेलरी स्टोर सामान्य तौर पर वीकेंड्स में बंद रहते हैं. इस बारे में उसने एक बार कहा था, मेरे स्टोर रविवार कोभी खुले रहते हैं क्योंकि इसी दिन पति और पत्नी के पास खरीदारी के लिए समय होता है. मई, 2017 में नीरव ने मशहूर म्यूजिक स्टोर रिद्म हाउस को खरीद लिया. उसकी पत्नी का नाम एमी है. देश के सबसे बड़े बैंकिंग घोटालों में से एक पीएनबी घोटाले के आरोपी नीरव मोदी को लेकर हर दिन नए खुलासेहो रहे हैं. Kuch agencies के हाथ इनकम टैक्स विभाग की मई 2017 की स्टेटस रिपोर्ट लगी है. इस रिपोर्ट से यह साफ पता चल रहा है कि जब नोटबंदी की घोषणा के बाद पूरा देश एटीएम और बैंकों की लाइन में खड़ा था तब नीरव मोदी ने सरकार, बैंकिंग व्यवस्था औरलाइन में खड़ी जनता को अंगूठा दिखाते हुए करोड़ों की कमाई कर ली थी.'ऑपरेशन क्लीन मनी' नाम से जारी हुई आयकर विभाग की इसरिपोर्ट में नीरव मोदी से जुड़ी जानकारी दी गई है जोइस प्रकार है-- नीरव मोदी ज्वेलर्स ने दावा किया कि नोटबंदी की घोषणा के बाद उसने 5200 ग्राहकों से 90 करोड़ लिए.लेकिन रसीद केवल 65 ग्राहकों के लिए जारी की. यानी अपने पास पहले से रखे कैश को ग्राहकों से मिला कैश बताकर ज्वेलर ने उसे आसानी से बुलियन मनी यानी सोने-चांदी में कनवर्ट करवा लिया था.- ज्वेलरी शॉप के सिक्योरिटी गार्ड्स ने इस बात की पुष्टि की है कि 8 नवंबर की रात 8 बजे नोटबंदी की घोषणा के बाद शॉप पर एक भी ग्राहक नहीं आया. ज्वेलर ने उस दिन रात आठ बजे के बाद के सीसीटीवी फुटेज डिलीट कर दिए.- आयकर विभाग की रिपोर्ट में कहा गया है कि ज्वेलर ने5200 लोगों से कैश मिलने का सबूत दिए बिना ही इसका दावा किया जो कि संदेहास्पद है.इससे यह साफ है कि नीरव मोदी की कंपनी ने नोटबंदी की घोषणा के बाद ग्राहकों से पैसे लिये. कंपनी ने अपने 90 करोड़ के कैश यह कहकर आसानी से बुलियन मनी में कन्वर्ट करवा लिए कि ये कैश 5200 ग्राहकों से मिला था. देश के सबसे बड़े बैंकिंग घोटालों में से एक पीएनबी घोटाले के आरोपी नीरव मोदी को लेकर हर दिन नए खुलासेहो रहे हैं. सीएनएन-न्यूज18 के हाथ इनकम टैक्स विभाग की मई 2017 की स्टेटस रिपोर्ट लगी है. इस रिपोर्ट से यह साफ पता चल रहा है कि जब नोटबंदी की घोषणा के बाद पूरा देश एटीएम और बैंकों की लाइन में खड़ा था तब नीरव मोदी ने सरकार, बैंकिंग व्यवस्था औरलाइन में खड़ी जनता को अंगूठा दिखाते हुए करोड़ों की कमाई कर ली थी.'ऑपरेशन क्लीन मनी' नाम से जारी हुई आयकर विभाग की इसरिपोर्ट में नीरव मोदी से जुड़ी जानकारी दी गई है जोइस प्रकार है-- नीरव मोदी ज्वेलर्स ने दावा किया कि नोटबंदी की घोषणा के बाद उसने 5200 ग्राहकों से 90 करोड़ लिए.लेकिन रसीद केवल 65 ग्राहकों के लिए जारी की. यानी अपने पास पहले से रखे कैश को ग्राहकों से मिला कैश बताकर ज्वेलर ने उसे आसानी से बुलियन मनी यानी सोने-चांदी में कनवर्ट करवा लिया था.- ज्वेलरी शॉप के सिक्योरिटी गार्ड्स ने इस बात की पुष्टि की है कि 8 नवंबर की रात 8 बजे नोटबंदी की घोषणा के बाद शॉप पर एक भी ग्राहक नहीं आया. ज्वेलर ने उस दिन रात आठ बजे के बाद के सीसीटीवी फुटेज डिलीट कर दिए.- आयकर विभाग की रिपोर्ट में कहा गया है कि ज्वेलर ने5200 लोगों से कैश मिलने का सबूत दिए बिना ही इसका दावा किया जो कि संदेहास्पद है.इससे यह साफ है कि नीरव मोदी की कंपनी ने नोटबंदी की घोषणा के बाद ग्राहकों से पैसे लिये. कंपनी ने अपने 90 करोड़ के कैश यह कहकर आसानी से बुलियन मनी में कन्वर्ट करवा लिए कि ये कैश 5200 ग्राहकों से मिला था.

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